Tuesday, December 24, 2013

याद

याद
हर रोज तुम आती हो
हर वक्त साथ रहती हो
तुम्हारे साथ रहने के कारण ही
मैं राह चल पाता हूँ
तुम साथ रहती हो
पर फिर भी
नहीं कर पाता तुम्हारा शरीर-स्पर्श
कारण तुम शरीर से नहीं
बल्कि तुम्हारी सिर्फ याद आती है
तुम्हारी सिर्फ याद आती है

तुम्हारी याद में वो बल है
जो मुझे आगे बढ़ाता है
तुम्हारी याद में वो आकर्षण है
जो मुझे तुम्हारे करीब लाता है
तुम्हारी याद में वो एकता है
जो हमदोनों को एक बनाता है
तुम्हारी याद में वो संजीवनी है
जो मुझे जीवित रखता है
तो भला तुम्हारी याद कैसे न आए
तुम्हारी याद कैसे न आए


-- महेश कुमार वर्मा

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Friday, February 5, 2010

तेरी याद में

सोता हूँ तेरी याद में
जागता हूँ तेरी याद में
खाता हूँ तेरी याद में
पीता हूँ तेरी याद में
लिखता हूँ तेरी याद में
सब कुछ करता हूँ तेरी याद में
हर पल बीतता है तेरी याद में
सब कुछ समर्पित है तेरी याद में
मेरा दिल धड़कता है तेरी याद में
बस तेरी याद में तेरी याद में

Thursday, December 24, 2009

जन्म दिन का उपहार

तुम्हारे जन्म के सालगिरह पर
क्या उपहार दूँ तुम्हें
मेरा प्रेम तुम्हारे साथ है
पूरा जीवन तुम्हारे हाथ है
अब बचा क्या जो तुम्हें दूँ
बस भगवान से तुम्हारी खुशी की दुआ माँगता हूँ
साथ-साथ जीने-मरने की कसमें सफल होने की कामना करता हूँ
मेरा पूरा जीवन तुम्हारे साथ है
मेरा प्रेम तुम्हारे साथ है
बस प्यारी,
खुश रहो खुश रखो
यही मेरी चाह है
तुम्हारे जन्म दिन पर
यही मेरा उपहार है
यही मेरा उपहार है

Saturday, October 24, 2009

प्यार भरा याद

प्यारी,

प्यार भरा याद।

दुनियाँ में है तू सबसे न्यारी,

मत कर मुझे बर्बाद॥

मेरा जीवन है तेरे ऊपर,

बैठा हूँ तेरे आस,

आ जा मेरे पास।

आ जा मेरे पास॥

हो गया हूँ तेरा दीवाना।

बीच नहीं है किसी को आना।

नहीं चलेगा कोई बहाना।

बस

आ जा मेरे पास।

आ जा मेरे पास॥

है तुमसे एक ही गुजारिश

आ जा

मुझे अपना बना ले।

मुझे बाहों में बिठा ले।

मैं हो जाऊँगा तेरा।

तू हो जायेगी मेरा।

फिर नहीं हम दो रहेंगे।

दोनों एक दूजे के रहेंगे।

साथ जिएँगे साथ मरेंगे।

नहीं कभी अलग रहेंगे।

ओ प्यारी,

प्यार भरा याद।

मत कर मुझे बर्बाद।

मत कर मुझे बर्बाद॥